लोकसभा, राज्यसभा, विधानसभा या विधान परिषद का चुनाव नहीं लड़ सकेंगे।
लखनऊ। प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 में चुनाव लड़ने वाले छह प्रत्याशियों को चुनावी खर्च का हिसाब किताब निर्धारित समय और प्रारूप में दाखिल न करने के कारण अयोग्य घोषित कर दिया गया है। यह कार्रवाई भारत निर्वाचन आयोग द्वारा की गई है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने बताया कि संबंधित छह अभ्यर्थियों को आदेश की तारीख से तीन वर्ष की अवधि के लिए संसद के किसी भी सदन अथवा राज्य/संघ राज्य क्षेत्र की विधानसभा या विधान परिषद का सदस्य चुने जाने या होने के लिए अयोग्य कर दिया गया है। इस अवधि में ये अभ्यर्थी लोकसभा, राज्यसभा, विधानसभा या विधान परिषद का चुनाव नहीं लड़ सकेंगे। उन्होंने बताया कि लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 78 के तहत प्रत्येक अभ्यर्थी को निर्वाचन परिणाम घोषित होने की तारीख से 30 दिनों के भीतर अपने निर्वाचन खर्च का पूरा लेखा और संबंधित वाउचर नियमानुसार जिला निर्वाचन अधिकारी के समक्ष जमा करना अनिवार्य है। आयोग की ओर से सम्यक नोटिस दिए जाने के बावजूद संबंधित अभ्यर्थियों ने न तो कोई कारण बताया और न ही कोई स्पष्टीकरण प्रस्तुत किया। इसके बाद आयोग ने विधिक प्रावधानों के तहत यह कार्रवाई की।
अयोग्य घोषित अभ्यर्थी
- 112-बिसौली (अ.जा.) विधानसभा क्षेत्र से प्रज्ञा यशोदा, ग्राम पिसनहारी, पोस्ट मुडिया धुरेकी, तहसील बिसौली, जिला बदायूं।
- 112-बिसौली (अ.जा.) विधानसभा क्षेत्र से सुरेन्द्र, ग्राम लभारी, पोस्ट नगरा बारह, तहसील बिसौली, जिला बदायूं।
- 113-सहसवान विधानसभा क्षेत्र से अनिल कुमार, 23क आजाद रोड, चन्दौसी, जिला सम्भल।
- 116-शेखूपुर विधानसभा क्षेत्र से ममता देवी, ग्राम व पोस्ट सराय पिपरिया, तहसील दातागंज, जिला बदायूं।
- 117-दातागंज विधानसभा क्षेत्र से ओमवीर, ग्राम खजुरारा पुख्ता, तहसील व जिला बदायूं।
- 117-दातागंज विधानसभा क्षेत्र से मुन्ना लाल, 16/1 हसनपुर खेवली, पोस्ट हसनपुर खेवली, जिला लखनऊ।

